गुल-आब-जामुन
ए गुल - आब- जामुन,तिल तिल तरसाना भी तेरा खूब है,
न रंगत तुझमें जामुन सी, ना ही महक से ही तू गुलाब है।
मेरे अहसास की तुझे खबर नहीं , बस अंदाज तेरा मिठास है,
छुईमुई सी गोल मखमली गेंद की लज्जत बेहद लाज़वाब है। ....प्रदीप स्वरचित
ए गुल - आब- जामुन,तिल तिल तरसाना भी तेरा खूब है,
न रंगत तुझमें जामुन सी, ना ही महक से ही तू गुलाब है।
मेरे अहसास की तुझे खबर नहीं , बस अंदाज तेरा मिठास है,
छुईमुई सी गोल मखमली गेंद की लज्जत बेहद लाज़वाब है। ....प्रदीप स्वरचित
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